समाप्ति की ओर बढ़ रही है स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले की जांच

उत्तराखंड पुलिस उत्तराखंड शासन उत्तराखण्ड क्राइम शिक्षा

यूकेएसएसएससी पेपर लीक मामले में एसटीएफ की जांच अब अंतिम पड़ाव तक पहुंच चुकी है। दरअसल, साल 2021 में हुए स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले में एसटीएफ की ताबड़तोड़ कार्यवाही पिछले 2 महीने से जारी रही। हालांकि इस कार्रवाई के दौरान एसटीएफ की टीम ने 41 लोगों की गिरफ्तारी करने के साथ ही 94.79 लाख कैश बरामद किए और 30 लाख का बैंक खाता भी फ्रिज किया है। इसी क्रम में एसटीएफ की टीम ने 18 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल कर दी है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश के बाद शुरू हुई स्नातक स्तरीय परीक्षा में हुई पेपर लीक मामले की जांच अब अंतिम पायदान पर है। दरअसल, पेपर लीक मामले के मास्टरमाइंड को भी गिरफ्तार किया जा चुका है ऐसे में एसटीएफ इस जांच को संपन्न करने के बाद अन्य जांचों की कवायत में जुट जाएगी। दरअसल, स्नातक स्तरीय परीक्षा में हुई पेपर लीक मामले में एसटीएफ टीम 18 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल करने के साथ ही गैंगस्टर एक्ट के तहत 21 आरोपियों पर जुडिशल रिमांड भी ले चुकी है।

आपको बता दे कि इस पूरे मामले में यूकेएसएसएससी ने 4 व 5 दिसंबर 2021 को स्नातक स्तर की परीक्षा तीन पालियों में आयोजित की थी जिसमें करीब एक लाख 60 हज़ार अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी थी। जिस परीक्षा में 916 अभ्यर्थी चयनित हुये थे। लेकिन बेरोजगार संगठनों एवं कई छात्रों ने मुख्यमंत्री से मिलकर इस परीक्षा में हुई अनियमितताओं की जांच की माँग की थी। मामले की गम्भीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री के निर्देश पर 22 जुलाई को मुकदमा दर्ज किया गया। जिसमें 41 आरोपियों को गिरफ़्तार कर दिया गया।

वहीं, इस पूरे मामले पर उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि वर्तमान समय में स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले की जांच अंतिम चरण में है। हालाकि, ऑनलाइन वन दरोगा भर्ती और वीडियो/बीपीडियो भर्ती परीक्षा में हुई धधली की जांच अभी शुरू हुई हैं जिसमे अभी और संभावनाएं है। साथ ही कहा कि स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले की जांच अभी पूरी तरह से पूरी नहीं हुई है, बल्कि जांच समाप्ति की ओर है।

1 thought on “समाप्ति की ओर बढ़ रही है स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले की जांच

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *